डाॅ॰ प्रेम कुमार, मंत्री, कृषि, पशुपालन एवं मत्स्य संसाधन विभाग, बिहार की अध्यक्षता में गया गौशाला मानपुर में रखे गये पशुओं के उत्तम स्वास्थ्य के लिये पशु चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बीमार, कमजोर पशुओं के ईलाज के साथ ही बांझपन एवं गर्भ धारण नहीं कर पाने वाले पशुओं का उपचार किया गया एवं दवायें खिलाई गईं। कार्यक्रम में पशुपालन विभाग से क्षेत्रीय निदेशक, डा॰ तरुण कुमार उपाध्याय, जिला पशुपालन पदाधिकारी, गया डा॰ अनिल कुमार, भ्रमणशील पशुचिकित्सा पदाधिकारी, मानपुर एवं सादीपुर उपस्थित थे।
संबोधित करते हुये मंत्री ने कहा कि पूरे बिहार के सभी जिलों में इसी प्रकार के शिविर लगाकर सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों के पशुओं का ईलाज विभाग के पशुचिकित्सकों के द्वारा किया जा रहा है। उन्होने कहा कि राज्य के 22 जिले बाढ़ से प्रभावित हुये हैं इन जिलों में पशुपालन विभाग के पदाधिकारी एवं पशुचिकित्सक युद्धस्तर पर पशुओं को निःशुल्क ईलाज कर रहें, टीकाकरण कर रहे हैं एवं पशुओं के पहचान के लिये ईयर टैगिंग कर रहे हैं। पशुपालन विभाग हर वर्ष पशुओंको रोग व्याधि से बचाने के लिये उन्हें पाॅच प्रकार के टीकों को निःशुल्क लगवाता है। इसके साथ ही सभी पशुचिकित्सालयों में 42 प्रकार की दवाईयों को उपलब्ध कराया गया है। पशुओं के नष्ल सुधार के लिये बडे़ पैमाने पर कृत्रिम गर्भाधान कराया जा रहा है। कोरोना वैश्विक महामारी के कारण लाॅकडाउन लगाये जाने पर बेसहारा पशुओं एवं स्ट्रीट डाॅग को पशुपालन विभाग के द्वारा क्रमश: चारा एवं डाॅग फीड वितरित कर उनकी रक्षा किया गया है।
कार्यक्रम में मंत्री की उपस्थिति में 100 से अधिक पशुओं के स्वास्थ्य की जाॅच पशुचिकित्सकों के द्वारा किया गया और उन्हें आवश्यक दवाईयों को खिलाया गया। मंत्री ने कार्यक्रम में भाग ले रहे पशुपालकों, स्थानीय नागरिकों, जन प्रतिनिधियों को विभाग द्वारा संचालित मुर्गीपालन (ब्रायलर एवं लेयर), बकरी पालन, सुअर पालन आदि की जानकारी दिया एवं विभाग द्वारा प्रकाशित लीफलेट एवं बुकलेट का वितरण कराया।
आज आयोजित पशुचिकित्सा स्वास्थ्य षिविर मे गौशाला प्रबंध समिति के सदस्यों के साथ ही भाजपा के युवा नेता और किसान मोर्चा रचनात्मक प्रकोष्ठ के संयोजक प्रेम सागर, सोशल मीडिया प्रभारी आयुष सिंह, प्रेम नारायण पटवा, मुन्ना सिंह, रंजन सिंह, अशोक साहनी आदि उपस्थित थे।